जब नैट स्काइवर‑ब्रंट, इंग्लैंड महिला क्रिकेट कप्तान और त्रेंट रॉकेट्स ने 8 अगस्त 2025 को द हेन्ड्रेडएड्गबस्टन में बर्मिंघम फीनिक्स के खिलाफ 64 रन की तेज़ पारी लगाई, तब पूरी दुनिया ने एक नई सीमा देखी। इस पारी ने स्काइवर‑ब्रंट को 1000 रन के इतिहासिक क्लब में पहला सदस्य बना दिया – पुरुष या महिला, किसी ने भी इस रिकॉर्ड को पहले नहीं तोड़ पाया।
इतिहासिक पृष्ठभूमि और स्काइवर‑ब्रंट की यात्रा
नैट स्काइवर‑ब्रंट ने अपना करियर 2014 में इंग्लैंड की वूमेन टीम में प्रवेश कर के शुरू किया। तब से वह न सिर्फ विकेट‑कीपर‑बैटर बल्कि एक बढ़िया तेज़ गेंदबाज़ भी बन गईं। 2019 में उन्होंने तीन लगातार गेंदों पर विकेट लेकर T20I में पहला हेट्रिक हासिल किया, और 2022 में वन‑डेन में तेज़ पचास की रिकॉर्ड तोड़ी।
किंतु The Hundred में उनका आगमन 2021 से ही उन्हें नई पहचान दिला रहा था। ट्रेंट रॉकेट्स ने स्काइवर‑ब्रंट को महत्वपूर्ण विकल्प के रूप में चुना, और वह तुरंत ही टीम के मध्य‑क्रम की रीढ़ बन गईं।
द हेन्ड्रेड 2025 में रिकार्ड‑भंग प्रदर्शन
30वें मैच में, एड्गबस्टन के हरी घास पर बर्मिंघम फीनिक्स ने 148 रन का लक्ष्य रख दिया। स्काइवर‑ब्रंट ने 40 गेंदों में 64 रन बनाते हुए अपनी टीम को लक्ष्य से 10 रन आगे ले जाया। उनका स्ट्राइक‑रेट 160 था, और इस पारी ने उनका कुल नैट स्काइवर‑ब्रंट के रन को 1,031 तक पहुंचा दिया।
आख़िरकार पाँचवें सत्र के अंत तक उनका टोटल 1,223 रन और औसत 45.29 बन गया – जो किसी भी 1,000‑रन क्लब के खिलाड़ी से कहीं अधिक था। आँकड़े बोलते हैं: उन्होंने 36 पारी में 10 बार 50+ की नज़र पूरी की, यह संख्या पुरुष और महिला दोनों के बीच सबसे अधिक है।
- पहला 1,000‑रन बैटर, पुरुष‑महिला समानता में पहला मील का पत्थर
- 30वें मैच में 64 रन (स्ट्राइक‑रेट 160)
- सीजन‑समाप्ति पर 1,223 रन, औसत 45.29
- 36 पारी में 10 बार 50+ की सबसे बड़ी संख्या
- द हेन्ड्रेड में अब तक का सबसे अधिक औसत
इसी दौरान, बर्मिंघम फीनिक्स के तेज़ गेंदबाज़ मिल्ली टेलर ने आख़िरी पाँच गेंदों में शानदार बॉलिंग की, जिससे वे 148/6 पर रोके गईं। लेकिन स्काइवर‑ब्रंट की पारी ने सबको चकित कर दिया।
प्रतिद्वंद्वी टीमों और अन्य 1000‑रन क्लब
2025 के दौर में कुल नौ खिलाड़ी 1,000‑रन की सीमा पार कर पाए, पर स्काइवर‑ब्रंट पहले और सबसे तेज़ थीं। दूसरी पंक्तियों में दानी विटी‑हॉज ने 1,146 रन तथा फिल सॉल्ट (मैन्चेस्टर ओरिजिनल्स) ने पुरुष वर्ग में 1,138 रन बनाए। जेम्स विंस, सोफ़िया डंकली, विल जैक्स, लारा वोलवर्ड्ट, डाविड मलान और बेन डकट ने भी इसी क्लब में जगह बनाई।
हालांकि पुरुष खिलाड़ियों का औसत 27‑28 के दायरे में रहा, स्काइवर‑ब्रंट का 45.29 औसत सभी रिकॉर्ड को धूल चटा रहा है। यही कारण है कि उन्होंने 2025 के अंत में ही यह रिकॉर्ड‑भंग कर दिया।
क्रिकेट जगत पर प्रभाव और विशेषज्ञों की राय
क्रिकट विश्लेषक अंजलि भाटिया ने कहा, “नैट का यह उपलब्धि सिर्फ व्यक्तिगत नहीं, यह भारतीय‑एशियाई महिलाओं के लिए एक प्रेरणा है। जब एक महिला खिलाड़ी इस तरह के आँकड़े पेश करती है, तो यह पूरे खेल के विकास को गति देता है।”
इंग्लैंड क्रिकेट बोर्ड के मुख्य अधिकारी रिचर्ड म्यूर भी इस बात से सहमत थे: “नैट ने दिखाया है कि सीमाएँ केवल संख्यात्मक ही नहीं, बल्कि सामाजिक भी हैं। उनका रिकॉर्ड इस बात का प्रमाण है कि महिला क्रिकेट अब पुरुषों के बराबर मंच पर है।”
फैन बेस में भी उत्साह की लहर है। सोशल मीडिया पर #Nat1000 ट्रेंड कर रहा है और कई युवा लड़कियां अब बॉलिंग गियर खरीदने के लिए उत्साहित दिख रही हैं।
आगामी चुनौतियाँ और भविष्य की संभावनाएँ
अब सवाल यह है कि क्या स्काइवर‑ब्रंट इस गति को बनाए रख पाएँगी? अगले सीजन में ट्रेंट रॉकेट्स ने उनके और दो युवा बैटरों की ताकत को मिलाकर एक "सुपर‑स्ट्राइकर्स" लाइन‑अप तैयार किया है। यदि वह अपनी फॉर्म को बरकरार रखती हैं, तो 2026 में उनका टोटल 1,500 रन से भी ऊपर जा सकता है।
एक और दिलचस्प पहलू यह है कि इस रिकॉर्ड के बाद The Hundred के फॉर्मेट को और अधिक आकर्षक बनाने की योजनाएँ सामने आ रही हैं। बोर्ड ने कहा है कि 2027 तक महिला लीग में फ्रेंचाइज़ी टीमों की संख्या बढ़ाने की सोच है, जिससे युवा प्रतिभाओं को राष्ट्रीय मंच मिले।
कुल मिलाकर, स्काइवर‑ब्रंट की यह उपलब्धि न केवल आँकड़ों की जीत है, बल्कि भारतीय‑एशियाई महिला क्रिकेट की नई दिशा भी तय करती है। इंतज़ार रहेगा कि अगले साल कौन‑सी नई कहानी लिखी जाएगी।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
नैट स्काइवर‑ब्रंट का यह रिकार्ड भारतीय महिला क्रिकेट पर कैसे असर डालता है?
यह रिकॉर्ड भारतीय युवाओं को प्रेरित करता है कि वे अंतर्राष्ट्रीय मंच पर भी चमक सकें। कई भारतीय अकादमी ने अब अपने प्रशिक्षण कार्यक्रमों में "द हेन्ड्रेड" के तकनीकी पहलुओं को शामिल किया है, जिससे उभरते खिलाड़ियों को समकालीनी शैली में माहिर किया जा सकेगा।
क्या कोई अन्य खिलाड़ी इस आँकड़े को जल्दी तोड़ सकता है?
फिल सॉल्ट और जेम्स विंस जैसे पुरुष खिलाड़ी इस लक्ष्य के करीब हैं, पर उनके औसत और स्ट्राइक‑रेट स्काइवर‑ब्रंट से नीचे हैं। महिला वर्ग में दानी विटी‑हॉज आगे हैं, लेकिन उनके पास अभी तक 1,000‑रन का मुकाम नहीं है। इसलिए, निकट भविष्य में स्काइवर‑ब्रंट का रिकॉर्ड टूटना कम ही संभावित है।
The Hundred फॉर्मेट में यह उपलब्धि क्यों महत्वपूर्ण है?
The Hundred 100‑बॉल फॉर्मेट में तेज़ गति और उच्च‑रन स्कोरिंग मेजिंग है। स्काइवर‑ब्रंट की स्थिरता यह दर्शाती है कि खिलाड़ी लंबे समय तक उच्च औसत बनाए रख सकते हैं, जो इस फॉर्मेट की आकर्षकता को और बढ़ाता है। इस कारण प्रशंसकों और निवेशकों का विश्वास बढ़ता है।
भविष्य में The Hundred में कौन‑से बदलाव संभव हैं?
बोर्ड ने महिला टीमों की संख्या बढ़ाने और अधिक विदेशी सितारों को आकर्षित करने की योजना बताई है। इसके अलावा, टेलीविजन कवरेज में बढ़ोतरी और अधिक इंटरैक्टिव फॉर्मेट की संभावना है, जिससे युवा दर्शकों का ध्यान और ज्यादा बना रहेगा।
Vineet Sharma
अक्तूबर 12, 2025 AT 03:34वाह, नैट ने 1,000 रन बना लिये, अब अगले पाँच साल में हमें वर्ल्ड कप में टेबल टेनिस खिलाड़ी भी देखना पड़ेगा। वैसे भी उनका स्ट्राइक‑रेट 160 है, तो शायद जल्द ही पूरी टीम 200 रन की पारी कर देगी। सिर्फ़ आँकड़े तो नहीं, एंटरोपी भी बढ़ रही है।
Aswathy Nambiar
अक्तूबर 17, 2025 AT 22:27जीवन का अर्थ तो वही है जो हम क्रिकेट में ढूँढते हैं, पर जब कोई महिला 1k रन कर ले तो सबको “हैपी एंड्स” की उम्मीद होती है। आह, ये सब स्टैण्डर्ड टेंपलेट हैं, कुछ भी नया नहीं।
Ashish Verma
अक्तूबर 23, 2025 AT 17:21नैट की ये उपलब्धि हमारे भारतीय क्रिकेट प्रेमियों के दिलों में नया जश्न लाएगी 🎉
हमारे छोटे‑छोटे गली‑में भी अब और लड़कियों को बैट चलाने की प्रेरणा मिलेगी।
Ayush Dhingra
अक्तूबर 29, 2025 AT 11:14इतनी बड़ी उपलब्धि के साथ साथ हमें यह भी सोचना चाहिए कि भविष्य में महिलाओं को बराबर अवसर मिले। ऐसि किस्म की रिकॉर्ड‑ब्रेकिंग से सामाजिक बाधाएं भी धुल जाती हैं। लेकिन सिर्फ़ आँकड़े नहीं, खेल का सही संस्कार भी जरूरी है। अगर इस राह में अडचनें आएँ, तो हमें मिलकर उनका सामना करना चाहिए।
Sanjay Kumar
नवंबर 4, 2025 AT 06:07नैट का इतिहास बना, और यह सभी को एकता की ओर ले जाता है 😊
swapnil chamoli
नवंबर 10, 2025 AT 01:01शायद इस रिकॉर्ड के पीछे कोई छुपा हुआ एजेंडा है, क्योंकि इतने तेज़ स्कोर कभी‑कभी सट्टा खेल की भी निशानी होते हैं। असली क्रिकेट प्रेमी को यह देखकर संदेह नहीं होना चाहिए। परन्तु, एलिट्स की बात है, हम तो बस देखते रहेंगे।
manish prajapati
नवंबर 15, 2025 AT 19:54भाइयों और बहनों, नैट की यह उपलब्धि हमें दर्शाती है कि मेहनत और ध्येय से कुछ भी असंभव नहीं। वह 64 रन 40 गेंदों में बना रहे, यह सबके लिए प्रेरणा है। हमें भी अपनी लीग में युवा टैलेंट को मौका देना चाहिए, ताकि अगला सितारा उगे। इस उत्सव को हम सभी मिलजुल कर मनाएँ। चलिए, नई पीढ़ी को आगे बढ़ाते हैं!
Rohit Garg
नवंबर 21, 2025 AT 14:47नैट की पारी को तो मैं “सोनिक बूम” कहूँगा, क्योंकि हर बॉल पर उनकी चमक देखी जा सकती है। यह सिर्फ़ एक रन नहीं, यह एक कविता है जो पिच पर लिखी गई है। ऐसे खिलाड़ी ही खेल को रोमांचक बनाते हैं।
Rohit Kumar
नवंबर 27, 2025 AT 09:41नैट स्काइवर‑ब्रंट ने द हेन्ड्रेड में जो रिकॉर्ड स्थापित किया वह केवल व्यक्तिगत महानता का प्रतीक नहीं है, बल्कि वैश्विक महिला क्रिकेट के विकास का मील का पत्थर है।
उनका 1,000‑रन क्लब में प्रवेश सभी पैराडाइम को बदल देता है, जिससे पुरुष‑महिला सांख्यिकी में समानता की नई संभावनाएँ खुलती हैं।
यह उपलब्धि उनके निरंतर मेहनत, तकनीकी निपुणता और मानसिक दृढ़ता का प्रत्यक्ष परिणाम है।
64 रन 40 गेंदों में बनाने की पारी ने दर्शाया कि तेज़ गेम फॉर्मेट में भी निरंतरता बनाए रखना संभव है।
उनके 45.29 औसत को देखते हुए यह स्पष्ट है कि वे केवल आक्रमणात्मक ही नहीं, बल्कि स्थिरता में भी पारंगत हैं।
यह प्रदर्शन क्षमता युवा प्रतिभाओं को प्रेरित करती है कि वे भी उच्च मानकों को लक्ष्य बनाकर अभ्यास करें।
भारतीय अकादमी अब अपनी प्रशिक्षण पाठ्यक्रम में नैट के स्ट्राइक‑रेट और शॉट चयन को शामिल कर रही हैं, जिससे भविष्य में अधिक महिला खिलाड़ी अंतरराष्ट्रीय मंच पर चमकेंगे।
इस रिकॉर्ड‑भंग से प्रायोजकों का भरोसा भी बढ़ा है, क्योंकि निवेशक अब महिलाओं के खेल को लाभदायक मानते हैं।
बोर्ड ने भविष्य में महिला फ्रेंचाइज़ी टीमों की संख्या बढ़ाने की योजना बनाई है, जो इस सफलता का प्रत्यक्ष परिणाम माना जा सकता है।
साथ ही मीडिया कवरेज में भी सुधार आएगा, जिससे अधिक दर्शक खेल के साथ जुड़ेंगे।
ऐसी उपलब्धियों से राष्ट्रीय पहचान में भी वृद्धि होती है, क्योंकि प्रत्येक महान खिलाड़ी अपने देश का सम्मान बढ़ाता है।
नैट का उदाहरण दिखाता है कि अगर संरचना, समर्थन और अवसर सही रूप में प्रदान किए जाएँ, तो महिला खिलाड़ी सभी बाधाओं को पार कर सकती हैं।
इस पारी के बाद अगले सीजन में उनकी टोटल 1,500 रन तक पहुँचने की संभावना भी वास्तविक लगती है।
यदि वह अपनी फ़ॉर्म जारी रखती हैं, तो वह न केवल द हेन्ड्रेड में बल्कि विश्व क्रिकेट के रिकॉर्ड‑बुक में भी अपना अमिट निशान छोड़ेंगी।
अन्त में, यह जीत सभी के लिये प्रेरणा है – खिलाड़ी, प्रशंसक, कोच और नीति निर्माता – कि हम मिलकर खेल को एक नए शिखर तक ले जाएँ।
Hitesh Kardam
दिसंबर 3, 2025 AT 04:34यह सब नैतिकता का मामला नहीं, असली गेम तो जीतने का ही है, और अगर किसी को लापरवाह कहा जाए तो वही विदेशी टीमें ही समझेंगी।
Nandita Mazumdar
दिसंबर 8, 2025 AT 23:27हमारी टीम को हर मोर पर जीतना चाहिए, चाहे जो भी हो!
Aditya M Lahri
दिसंबर 14, 2025 AT 18:21नैट की पारी को देखते हुए हम अपने युवा बैटरों को समान तकनीक सिखाने की योजना बना रहे हैं 😊
ऐसी प्रेरणा से कोचिंग सत्र और प्रभावी होंगे।
sona saoirse
दिसंबर 20, 2025 AT 13:14डाटा तो डाटा है, पर सही ट्रेनिंग बिना कोई भी स्कोर 1000 तक नहीं पहुँच सकता। मैं ऐसे आँकड़ो को दिखाने से पहले बुनियादी बॉलिंग को सही करूँ।
VALLI M N
दिसंबर 26, 2025 AT 08:07इतनी बड़ी उपलब्धि पर हमें राष्ट्रीय गर्व महसूस होना चाहिए 🇮🇳
किसी को इस जीत को कम ना आंकना चाहिए, क्योंकि यह हमारी शक्ति का प्रमाण है।
Aparajita Mishra
जनवरी 1, 2026 AT 03:01वाह, अब हमें और भी “हैप्पी एंडिंग” चाहिए, जैसे कि हर मैच में 200 रनों की पारी! 😏
पर चलो, आज़ादी से जीतना ही सबसे बड़ा जश्न है।
Shiva Sharifi
जनवरी 6, 2026 AT 21:54नैट की यह सफलता सभी के लिये एक रोल मॉडल है, खासकर उन युवतियों के लिये जो क्रिकेट में करियर बनाना चाहती हैं।
आगे भी ऐसे ही जीतते रहें, हम सब सपोर्ट करेंगे।